तेजप्रताप के खिलाफ पुलिस में शिकायत, उठा सकते हैं आत्मघाती कदम

तेजप्रताप से जुड़े ऐसे ऐसे कारनामे सामने आ रहे हैं जिससे परिवार और पार्टी दोनों की ही फजीहत हो रही है.ताजा मामला तेजप्रताप यादव के संगठन छात्र जनशक्ति परिषद से जुड़ा हुआ है. छात्र जनशक्ति परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ सुमंत राव उर्फ बबलू सम्राट ने राजधानी पटना के सचिवालय थानाध्यक्ष को एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है. इस शिकायत में कहा गया है कि मैं छात्र जनशक्ति परिषद का राष्ट्रीय अध्यक्ष था. तारापुर विधानसभा क्षेत्र उपचुनाव के मद्देनजर तेजप्रताप यादव गलत निर्णय ले रहे थें.

डॉ सुमंत राव ने कहा कि मैंने इस फैसले का विरोध किया. मैंने इसे गलत बताया. मुझे इसका विरोध करने और सच्चाई का साथ देने पर संगठन विरोधी कार्य करने और अनुशासन भंग करने का आरोप लगाने वाला पत्र थमा दिया गया. उन्होंने तेजप्रताप यादव से इस मामले को लेकर फोन पर बात भी की.

डॉ सुमंत ने कहा कि परिषद के इस फैसले से मुझे खासी मानसिक पीड़ा हुई है. मैं पूरे जी जान से संगठन के काम में जुटा हुआ था. बिगड़ती परिस्थितियों के मद्देनजर मैंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था. वहीं इस शिकायत पर सचिवालय थाना प्रभारी चंद्रशेखर गुप्ता ने कहा कि फिलहाल मामले की जांच होगी. अभी इस शिकायत पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया है.

तेजप्रताप यादव के साथ ऐसा पहली बार हुआ है कि उनके किसी सहयोगी ने बाकायदा थाने में जाकर उनके विरुद्ध शिकायत दर्ज कराया है. ऐसे किसी शिकायत से तेजप्रताप यादव को कोई बहुत ज्यादा कुछ बिगड़ने वाला तो नहीं है लेकिन उनकी फजीहत इससे जरुर होगी.

वहीं एक बात सोचने वाली है कि आखिर कौन है जो पहले तेजप्रताप यादव के कथित उम्मीदवार को आरजेडी में शामिल करा देता है और कौन है जो अब छात्र जनशक्ति परिषद को तोड़ने की कवायद में लग गया है. जिस व्यक्ति के सिर पर तेजप्रताप यादव ने अपना हाथ रखा, अपने संगठन का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया… वह व्यक्ति उनके साथ बगावत कर गया.

पार्टी के अंदर ही बड़े लेवल पर तेजप्रताप को कमजोर करने का काम शुरु हो गया है. अब तेजप्रताप के संगठन को तोड़ा जा रहा है. इसके पहले भी तेजप्रताप यादव के एक अन्य संगठन धर्मनिरपेक्ष स्वयंसेवक संघ यानी डीएसएस के अध्यक्ष विमलेश यादव ने भी इस्तीफा दे दिया था.

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